Adhyatm Ka Druv Kendra Dev Atma Himalaya

दिव्य चेतना का केन्द्र-हिमालय का हृदय

पदार्थों और प्राणियों के परमाणुओं-जीवकोषों में मध्यवर्ती नाभिक ‘‘न्यूक्लियस’’ होते हैं। उन्हीं को शक्ति स्रोत्र कहा गया है और घिरे हुए परिकर को उसी उद्गम से सामर्थ्य मिलती है तथा अवयवों की सक्रियता बनी रहती है। यह घिरा हुआ परिकर गोल भी हो सकता है और चपटा अण्डाकार भी। यह संरचना और परिस्थितियों पर निर्भर है। […]

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